पंचतंत्र की कहानियां: panchtantra stories

किसी भी देश की प्रगति में उस देश की आने वाली पीढ़ी का महत्वपूर्ण योगदान होता है इसीलिए हमे अपने बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देना चाहिए | शिक्षा ऐसी होनी चाहिए जिसमे व्यवहारिक ज्ञान के साथ साथ नैतिक ज्ञान भी हो क्योंकि नैतिकता ही दूसरों को प्रति हमारे आचरण को सही रखती है | एक समय था जब बच्चो को घर के बड़े जैसे दादा दादी , नाना नानी अच्छी अच्छी कहानियां सुनाया करते थे जिससे उन कहानियों से मिली नैतिक शिक्षा का बच्चो के कोमल ह्रदय पर गहराई से प्रभाव पड़ता था| आज के समय में mobile और TV का प्रयोग बहुत बढ़ चुका है जिससे इस प्रकार की कहानियां सुनने या पढने को नही मिल पाती है | ऐसे में maihindu.com का एक छोटा सा प्रयास है जिसके द्वारा हम विभिन्न कहानियों का एक बेहतर संकलन आपको देने का प्रयास करेंगे| इसी प्रयास के क्रम में आइये पढ़ते है:-
पंचतंत्र की कहानियां : panchtantra stories

संगीतमय गधा:पंचतंत्र की कहानी musical donkey

इतने सारे फल और सब्जियां तो एक साथ उसने जीवन में नही देखे थे,ताजे  रसीले फल और सब्जियां देखकर हीरा गधा अपने आप को रोक नहीं पाता है और बिना देरी किये वह अपनी भूख मिटाने के लिए फल और सब्जियों को खाने लगता है। अब ज्यादा खाने के बाद नींद तो आती ही है…

पंचतंत्र की कहानी: घमंडी हाथी और चींटी

एक समय चन्दन नाम का एक वन था जिसमे एक शक्तिशाली हाथी रहता था जिसे अपनी शक्ति का बहुत ही घमंड था । वह जिस रास्ते पर चलता था उस रास्ते पर यदि कोई दूसरा प्राणी आ जाये तो वो उसे बहुत डराता धमकाता था और अपनी शक्ति दिखने के लिए वन के पेड़-पौधों को बिना किसी कारण के ही नष्ट कर देता था..

पंचतंत्र की कहानी: बोलती गुफा panchtantra story

ओ मेरी गुफा, आज तुम चुप क्यों हो? आज तुम बोलती क्यों नहीं हो? जब भी मैं बाहर से आता हूँ, तुम मुझे बुलाती हो। आज भी तो बुलाओ , आज तुम बोलती क्यों नहीं हो…

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