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मेहंदीपुर बालाजी:mehandipur balaji:जिनसे डरते हैं भूत a 2 z complete information

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मेहंदीपुर बालाजी:mehandipur balaji:जहाँ भूत डरते हैं a 2 z complete information

मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) महराज के नाम से भाग जाते हैं भूत प्रेत

mehandipur balaji : साथियों राजस्थान के दौसा जनपद के निकट दो पहाडियों के बीच स्थित है –  मेहंदीपुर बालाजी का मंदिर जोकि पूरे देश विदेश में उन मंदिरों में से एक मंदिर है,जहाँ जाने मात्र से भाग जाते है वो भूत प्रेत , चूँकि हनुमान जी ने अपने बाल रूप में बहुत सी लीलाएँ की हैं इसलिए कुछ स्थानों पर इन्हें बालाजी के नाम से भी जाना जाता है।

जी हाँ सही पढ़ा आपने मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) में सैकड़ों भक्तो का मेला लगा होता है जो भूत प्रेत या किसी उपरी बाधा से दुखी होते है और यहाँ प्रभु मेहंदीपुर बालाजी की कृपा पाने के लिए दूर दराज स्थानों से आते हैं और ठीक होकर जाते है

इसीलिए यहाँ आपको अनेक विचित्र दृश्य देखने को मिल जाएंगे जिनको देखकर आपको आश्चर्य भी होगा और यदि आप थोड़े निर्बल ह्रदय के हुए तो दर भी लगेगा

वैसे तो हमारे देश में अनेक ऐसे मंदिर हैं जिनके प्रति भक्तों में अटूट श्रद्धा है और इन प्रचीन मंदिरों का अपना ही महत्व है. हमारे देश में विभिन्न भागों में भक्तों के कष्ट दूर करने वाले अनेकों मंदिर हैं जिनके चमत्कार पूरे संसार में प्रसिद्द हैं और उन्ही प्रचीन मंदिरों में से एक मंदिर है मेहंदीपुर बालाजी महाराज का मंदिर

आज आपको अनेक ऐसे लोग मिल जायेंगे जो भूत प्रेतों को नही मानते हैं, विज्ञान भूत-प्रेतों को नहीं मानता है किन्तु ये भी सत्य है की यहाँ आने पर लोग ये मानने लगते है कि सच में उपरी बाधा भी होती है

मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) मंदिर में प्रति दिन दूर दूर से ऊपरी चक्कर और प्रेत बाधा से परेशान और दुखी लोग मुक्ति के लिए आते हैं।

मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) मंदिर में प्रेतराज सरकार और भैरवबाबा का भी मंदिर है. और जो भक्त बालाजी के दर्शन के लिए आते वो प्रेतराज सरकार और भैरवबाबा मंदिर भी अवश्य ही जाते हैं.

मान्यता के अनुसार जो कोई भूत प्रेत से पीड़ित होता है जिस किसी के ऊपर कोई नकारात्मक साया होता है उसकी बालाजी और प्रेतराज के दरबार में पेशी लगती है जहाँ उनके ऊपरी साये को दूर करने के लिए कीर्तन आदि किया जाता है.

इस पेशी में अनेक पीड़ित लोग एक साथ भाग लेते हैं और जिसके ऊपर भी उपरी साया होता है तो वहां उसका साया अपने विषय में बताने लगता है कि वो कहाँ से आया है , कैसे आया है इतियादी

mehandipur balaji मेहंदीपुर बालाजी

दरबार में प्रतिदिन 2 बजे होती ही पेशी mehandipur balaji 

भूत प्रेतादि ऊपरी बाधाओं को दूर करने के लिए यहां आने वालों की भारी संख्या में भींड लगती है। मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में प्रेतराज सरकार और भैरवबाबा जिन्हें कोतवाल कप्तान भी कहते है ,की मूर्ति लगी है।

प्रतिदिन 2 बजे प्रेतराज सरकार के दरबार में कीर्तन अर्थात पेशी प्रारंभ होती जिसमें सैकड़ों लोग एक साथ प्रेतराज सरकार के सामने बैठते हैं और प्रेतराज सरकार के उनके ऊपर से भूत प्रेत को दूर कर देते है ।

मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में चड़ता है 2 प्रकार का प्रसाद

मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) में चड़ने वाला प्रसाद 2 कैटेगरी का होता है, एक दर्खावस्त का प्रसाद और दूसरी अर्जी वाल प्रसाद ।

दर्खावस्त वाले प्रसाद को ही मेहंदीपुर बालाजी में हाजरी का प्रसाद भी कहा जाता हैं। हाजरी के प्रसाद को दो बार खरीदा जाता है जबकि अर्जी में मिलने वाला प्रसाद 3 थालियों में मिलता है।

जिसमे बालाजी को लड्डू, प्रेतराज को चावल और भैरों को उड़द का प्रसाद चढ़ता है।

मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में एक बार दर्खावस्त लगाने के बाद, वहां से तत्काल निकल जाने का नियम होता है। जबकि अर्जी का प्रसाद लौटते समय लेते हैं जिसको अपनी पीठ के पीछे फेंकना होता है और नियमानुसार प्रसाद फेंकते समय पीछे नहीं देखा जाता है।

 मेहंदीपुर बालाजी मंदिर के प्रसाद का क्या करते हैं 

मेहंदीपुर बालाजी मंदिर के किसी भी प्रकार के प्रसाद को आप खा नहीं सकते ( लेकिन कुछ लोग बाला जी मंदिर से मिले प्रसाद को लोग खा लेते हैं ) और ना ही किसी को देना चाहिए। यहां किसी से प्रसाद लेना भी नही चाहिए और ना ही इसे अपने घर लेकर जाना चाहिए।

ऐसा कहा जाता है की ऐसी सावधानी न रखने से आपके ऊपर किसी दूसरे का साया आने की संभावना बन जाती है

क्या मेहंदीपुर बालाजी भूत प्रेत से पीड़ित ही लोग जाते हैं

भूत प्रेत से रक्षा के आग्रह के लिए भी जाते है मेहंदीपुर बाला जी  mehandipur balaji 

कुछ लोग ऐसा कहते हैं कि वहां मात्र भूत प्रेत से पीड़ित लोग ही जाते है ,किन्तु ऐसी बात नहीं है, श्री मेहंदीपुर बाला जी धाम में कोई भी व्यक्ति कभी भी जा सकता है क्योंकि यहाँ आने से भविष्य में आने वाले संकट भी दूर हो जाते हैं

श्री मेहंदीपुर बाला जी में भक्तो की सभी प्रकार की मनोकामनाए शीघ्र पूर्ण होती है ।

मेहंदीपुर बालाजी की बायीं छाती में छेद

मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) की बायीं छाती में एक छेद है, जिससे निरंतर जल बहता रहता है। ऐसा कहा जाता है कि इस छेद में से बालाजी का पसीना निकलता है।

मेहंदीपुर बालाजी के नियम इन हिंदी

जो लोग  मेहंदीपुर बालाजी ( mehandipur balaji ) जाते हैं उन्हें यहाँ आने से तभी लाभ होता है जब वो कम से कम एक सप्ताह तक लहसुन, प्याज, अण्डा, मांस, शराब आदि का सेवन न करें ।

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मेहंदीपुर बालाजी में आरती का समय 

ग्रीष्म कालीन आरती 

प्रभु श्री राम दरबार मे आरती समय 
ग्रीष्म कालीन: प्रातः 6:00 से 6:15
ग्रीष्म कालीन: संध्या 7:00 से 7:15

प्रभु श्री बाला जी दरवार मे आरती का समय 
ग्रीष्म कालीन: प्रातः 6:15 से 6:45
ग्रीष्म कालीन: संध्या 7:15 से 7:45

शीत कालीन आरती 

प्रभु श्री राम दरबार मे आरती समय 
शीत कालीन: प्रातः 6:10 से 6:25 तक
शीत कालीन: संध्या 6:20 से 6:35 तक

प्रभु श्री बाला जी दरवार मे आरती का समय 
शीत कालीन: प्रातः 6:25 से 6:55 तक
शीत कालीन: संध्या 6:35 से 7:05 तक

आरती के कुछ ही समय पश्चात श्री बाला जी महाराज के पवित्र जल के छींटे सभी भक्तों के ऊपर डाले जाते और कुछ समय बाद श्री बाला जी महाराज जी के भक्तों मे छप्पन भोग का प्रसाद का वितरण होता है ।

मेहंदीपुर बालाजी के छप्पन भोग प्रसाद मिलने का समय :

मेहंदीपुर बालाजी के छप्पन भोग के प्रसाद के वितरण का समय प्रातः ११ बजे के बाद होता है और इसका वितरण श्री बालाजी महाराज के गर्भ गृह में किया जाता है , वहीं प्रभु राम माता सीता जी के छप्पन भोग का प्रसाद प्रातः  8.30 बजे से श्री राम दरवार में मिलता है।

मेहंदीपुर बालाजी कैसे जाएँ  How to reach mehandipur balaji

यातायात के सभी साधनों जैसे वायुयान , रेलगाड़ी  और सड़कमार्ग से आप मेहंदीपुर बालाजी बहुत ही सुगमता से पहुँच सकते है |

How to reach Mehandipur Balaji by Air

मेहंदीपुर बालाजी वायुमार्ग से कैसे जाएँ

यहाँ आने के लिए आप जयपर हवाई अड्डे  Jaipur International Airport (IATA: JAI, ICAO: VIJP) सांगानेर हवाई अड्डा,जयपुर पहुँच सकते हैं, जो देश के अधिकांश प्रमुख नगरों  से जुड़ा हुआ है, और यहाँ से आप मेहंदीपुर बालाजी मंदिर के लिए कैब किराए पर ले सकते हैं। यात्रा में 2 घंटे से अधिक समय लग सकता है , एक अन्य विकल्प के रूप में आप पहले आगरा के लिए उड़ान भरे और फिर सड़कमार्ग से यहाँ पहुँच सकते हैं ।

How to reach Mehandipur Balaji by Rail

मेहंदीपुर बालाजी रेलमार्ग से कैसे जाएँ

मेहंदीपुर बालाजी का निकटतम रेलवे स्टेशन ,बांदीकुई रेलवे स्टेशन ( Station Code : BKI ) और यह स्टेशन देश भर के अधिकांश अन्य रेलवे स्टेशनों से बहुत अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। ट्रेन से उतरने के बाद मेहंदीपुर बालाजी मंदिर पहुंचने के लिए आपको करीब 50 मिनट का सफर तय करना होगा , यहाँ आने के बाद आप टैक्सिया या बसों के माध्यम से मेहंदीपुर बालाजी जा सकते है |

IRCTC website पर जाकर रेलगाड़ी मे रिज़र्वेशन करवाने के लिए यहाँ 

click करे : – IRCTC 

How To Reach Mehandipur Balaji By Road

मेहंदीपुर बालाजी सड़कमार्ग से कैसे जाएँ

मेहंदीपुर बालाजी देश और राजस्थान राज्य की प्रमुख राजमार्गों से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है , जिससे आप यहाँ अपने निजी वाहनों से अथवा सरकारी और प्राइवेट एजेंसियों के वाहनों से जा सकते है | आप दिल्ली से अलवर के लिए बस पकड़ सकते हैं और इसके बाद आगे मेहंदीपुर जा सकते हैं जिसमे लगभग 2 घंटे का समय लगेगा । आगरा से मेहंदीपुर बालाजी जाने में आपको कुल 2.5 घंटे लगेंगे।

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