Thursday, December 1
Shadow

कैसे एक कारपेंटर 350 करोड़ की सम्पति का स्वामी है,Rajnikanth Success story in Hindi

अपने जानने वालों में ये पोस्ट शेयर करें ...

कैसे एक कारपेंटर 350 करोड़ की सम्पति का स्वामी है,Rajnikant Success story in Hindi

रजनीकांत का जन्म (Rajinikanth’s birth)

Success story in Hindi

Rajnikanth Success story in Hindi : सुपर स्टार रजनीकांत का जन्म 12 दिसम्बर 1950 में कर्नाटक राज्य के बैंगलूर में हुआ था . रजनीकांत (Rajnikanth) मराठी पृष्ठभूमि वाले परिवार  से हैं , रजनीकांत की माता एक गृहणी थी  उनका नाम रामबाई था जो कि और पिता रामोजीराव गायकवाड एक पुलिस विभाग में कांस्टेबल थे . जब वो पांच वर्ष के थे तभी उनकी मां का निधन हो गया।

रजनीकांत मराठी थे जिनमे महान वीर योद्धा छ्त्रपति शिवाजी के नाम बहुत आदर से लिया जाता है इसीलिए रजनीकांत का नाम मराठा योद्धा छत्रपति शिवाजी के नाम पर शिवाजी राव गायकवाड़ रखा गया था। रजनीकांत अपने चार भाई बहनों में सबसे छोटे हैं , रजनीकांत के दो बड़े भाईयों का नाम श्री सत्यनारायण राव और श्री नागेश्वर राव है और बहन का नाम अस्वथ बालूभाई है

रजनीकांत की शिक्षा और बचपन (Education and Childhood of Rajnikanth )

रजनीकांत की आरंभिक शिक्षा गाविपुरम गवर्नमेंट कन्नड़ मोर्डन प्राइमरी स्कूल में हुई। रजनीकांत पढाई लिखाई में अच्छे थे और साथ ही उनकी बचपन से ही आध्यात्म में भी रूचि थी इसलिए उनकी शेष शिक्षा रामकृष्ण मिशन द्वारा संचालित विवेकानंद बालक संघ रामकृष्ण मठ में हुई, रामकृष्ण मठ में होने वाले अधिकतर सांस्कृतिक कार्यक्रमों में वो भाग लिया करते थे, रजनीकांत (Rajnikanth) ने यहाँ के बाद की शिक्षा आचार्य पाठशाला पब्लिक स्कूल से प्राप्त की।

रजनीकांत का संघर्ष ( Struggle of Rajinikanth  )

Success story in Hindi

रजनीकांत ने अपनी शिक्षा पूरी होने के बाद बैंगलोर और चेन्नई में अनेक नौकरी की जिसमे एक बार एक कारपेंटर की नौकरी की थी , इस नौकरी के बाद उन्होंने कुली का काम किया, जैसे ही  बैंगलूर ट्रांसपोर्ट नौकरी  में  कंडेक्टर की भर्ती निकली , जिसमे रजनीकांत को सफलता प्राप्त हुई और बस कंडक्टर बन गए ,

रजनीकांत (Rajnikanth) की इच्छा थी कि वे एक कलाकार बने लेकिन उनके परिवार के लोग इस बात का विरोध करते थे ,इसीलिए बस कंडक्टर की नौकरी के समय में भी उनके अन्दर अभिनय और कला कहीं न कहीं जीवित था और इसी कारण  वो एक अलग ही शैली में बस में सिटी बजाते थे ,यात्रियों से बात करते थे उनके टिकिट काटते थे और उनकी ये  शैली सभी यात्रियों आकर्षित करती थी

समय मिलने पर वे नाटक व स्टेज शो में भी भाग लेते रहते थे , उन्होंने एक कन्नड़ नाटक टोपी मुनियप्पा  किया और अनेक स्टेज शो किये, इसी कारण से उन्हें अनेक और नाटको में भी काम करने का अवसर मिला।

रजनीकांत का फ़िल्मी करियर ( Film career of Rajinikanth)

Success story in Hindi

रजनीकांत फिल्मो में अभिनय करना चाहते थे जिसके कारण उन्होंने वर्ष 1973 में  मद्रास फिल्म इंस्टिट्यूट एक्टिंग में डिप्लोमा में प्रवेश लिया , यहाँ एक नाटक को करते समय एक बार रजनीकांत पर फिल्म निर्देशक के. बालाचंदर की नजर पड़ गयी , रजनीकांत के अभिनय को देखकर बालाचंदर जी  बहुत प्रभावित हुए और उन्होंने रजनीकांत को अपनी एक तमिल फिल्म में अभिनय करने के लिए कहा . रजनीकांत (Rajnikanth) ने हां कर दी ( you are reading Rajnikant Success story in Hindi )

इस फिल्म का नाम था अपूर्वा रागंगाल , ये रजनीकांत की पहली फिल्म बनी.इस फिल्म में रजनीकांत का रोल अवश्य छोटा था लेकिन इस फिल्म में उनके द्वारा किये गये अभिनय की सबने प्रशंसा की और लोगो का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया. इस फिल्म में उनके साथ कमल हासन और श्रीविद्या थी  वर्ष 1975 से 1977 के बीच उन्होंने अधिकतर फिल्मों में कमल हासन के साथ विलेन की भूमिका ही की.

लीड रोल में उनकी पहली तमिल फिल्म 1978 में भैरवी  आई. ये फिल्म बहुत हिट रही और रजनीकांत स्टार बन गए,  फिल्म निर्देशक के. बालाचंदर ने इस फिल्म में उनको श्रीविद्या के पति का छोटा सा रोल दिया था और कमल हसन इस फिल्म में मुख्य अभिनेता थे  | इस फिल्म को 3 राष्ट्रीय फिल्म पुरुस्कार से सम्मानित किया गया था |

अपने फिल्म करियर की आरंभ में रजनीकांत ने अनेक फिल्म कमल हसन के साथ की थी जिसमे से लगभग सभी फिल्मो में मुख्य अभिनेता के रूप में कमल हसन  और रजनीकांत ने नेगेटिव रोल किया था |  उन्होंने फिल्मो में पहले नकारात्मक चरित्र और विलेन के भूमिका की, इसके साथ ही साइड रोल किये और अंततः एक स्टार अभिनेता के रूप में अपनी पहचान बनाई|

एक समय ऐसा भी था जब एक उत्कृष्ट अभिनेता होने के बाद भी उनके काम पर ध्यान नही दिया गया लेकिन वो साहसी थे , रजनीकांत अपने आत्मविश्वास से विपरीत परिस्तिथियों में भी हार न मानने वाले व्यक्ति थे | साउथ इंडियन सिनेमा में वर्ष 1980 तक रजनीकांत एक प्रसिद्द अभिनेता बन गये थे |

रजनीकांत का विवाह (Marriage of Rajinikanth )

रजनीकांत ने कॉलेज पत्रिका के लिए उनका इंटरव्यू लेने आयी एक लड़की लता रंगाचारी से विवाह किया था , लता रंगाचारी इतिराज कॉलेज की स्टूडेंट थी उन्होंने कॉलेज मैगजीन के लिए रजनीकांत का इंटरव्यू लिया था। एक ही बार में रजनीकांत को लता बहुत पसंद आई थी ,लता को  देखते ही रजनीकांत ने लता को प्रपोज कर दिया था | । रजनीकांत ने बाद में 26 फरवरी 1981 को तिरुपति मंदिर में उनके साथ विवाह कर लिया ।

रजनीकांत का परिवार ( Family of Rajinikanth )

रजनीकांत और लता रंगाचारी  के परिवार में उनकी दो पुत्रियाँ ऐश्वर्या और सौंदर्या है. रजनीकांत की पत्नी “दी आश्रम ” नाम से एक स्कूल चलाती हैं. रजनीकांत की पुत्री ऐश्वर्या की विवाह 18 नवम्बर 2004 को अभिनेता धानुष से हुआ और तमिल फिल्म जगत में प्रोड्यूसर एवं डायरेक्टर और ग्राफ़िक्स डिज़ाइनर छोटी पुत्री सौंदर्या का विवाह 3 सितम्बर 2010 को बिजनेसमेन श्विन रामकुमार से हुआ हैं.

download

रजनीकांत की प्रमुख फिल्म ( Famous Films of Rajinikanth )

अपूर्व रागंगल (1975),

गायत्री (1977),

अवरगल (1977),

प्रिया (1978),

जॉनी (1979),

राम रॉबर्ट रहीम , बिल्ला(1980),

अंधा कानून (1983),

जॉन जानी जनार्दन (1984),

आखिरी संग्राम (1984),

इंसाफ कौन करेगा (1984),

ज़ुल्म की ज़ंजीर (1984),

मेरी अदालत (1984),

गंगवा (1984),

महागुरु (1985),

बेवफ़ाई (1985),

आज का दादा (1985),

वफ़ादार (1985),

भगवान दादा (1986),

दोस्ती दुश्मनी (1986),

असली नकली (1986),

उत्तर दक्षिण (1987),

तमाचा (1988),

भ्रष्टाचार (1989),

चालबाज़ (1989),

किशन कन्हैया (1990),

फरिश्ते , थलपति(1991),

खून का कर्ज़ (1991),

हम (1991),

फूल बने अंगारे (1991),

दलपति (1991),

त्यागी , अन्नामलाई, चोर के घर चोरनी (1992),

इंसानियत के देवता (1993),

आतंक ही आतंक ,  बाशा , मुथू(1995), 

क्रांतिकारी ,  अरुणाचलम (1997), 

आगाज़ (2000),

बुलन्दी (2000),

बाबा (2002),

चंद्रमुखी (2005),

शिवाजी द बॉस (2007),

कुसेलन (2008),

रोबोट (2010),

रा.वन (2011),

लिंगा ,  कोचादाइयां(2014),

कबाली (2016),

रोबोट 2.0 (2018)

रजनीकांत ने लगभग 190 फिल्मो में काम किया है. जिनमे कन्नड़, तेलगु, तमिल, मलयालम, हिंदी, इंग्लिश एवं बंगाली फिल्मे हैं. इन फिल्मो के लिए उन्हें बहुत सारे अवार्ड्स से सम्मानित किया गया हैं.

रजनीकांत के अवार्ड्स एवं अचीवमेंट्स (Rajinikanth awards and honours) 

रजनीकांत ने अपनी फिल्मों के लिए अनेक अवॉर्ड्स जीते हैं।  रजनीकांत के कुछ अवॉर्ड्स इस प्रकार है , रजनीकांत को पहला फिल्मफेयर अवार्ड 1984 में फेमस साउथ इंडियन फिल्म ‘नल्लवमुकू नल्लवं’ के लिए मिला था। वर्ष 1984 में ही रजनी कांत को सरकार के द्वारा कलाईममणि अवार्ड भी मिला था।

–> सन 2000 में भारत सरकार ने उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया

–> रजनीकांत को दक्षिण एशिया का सबसे प्रभावशाली व्यक्ति घोषित किया गया

–> एन.डी.टी.वी. ने  वर्ष 2007 में रजनीकांत को “इंडियन एंटरटेनर ऑफ़ द ईयर” से सम्मानित किया.

–> फोर्ब्स इंडिया ने वर्ष 2010 में रजनीकांत को भारत के सबसे प्रभावशाली और प्रसिद्द व्यक्तियों में घोषित किया.

–> वर्ष 2011 में एन.डी.टी.वी. ने रजनीकांत को “मोस्ट स्टाइलिश एक्टर” की उपाधि से सम्मानित किया .

–> एन.डी.टी.वी. ने वर्ष 2013 दिसम्बर में रजनीकांत को “25 ग्लोबल लिविंग लिजेंड “ की सूचि में सूचीबद्ध किया.

–> वर्ष 2016 में रजनीकांत को फिर से एक बार सिनेमा एक्सप्रेस और फिल्म फैन्स ऐसोसिएशान की ओर से कई पुरस्कार मिले हैं और पद्मा विभूषण से सम्मानित किया गया था।

–> इन अवार्ड्स के अतिरिक्त रजनीकांत को अनेक फिल्मो के लिए श्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार मिल चुका है.

रजनीकांत को ऐसे व्यक्ति के रूप में जाना जाता है जिसके लिए असंभव कुछ भी नहीं और रजनीकांत लगातार इस बात को सच सिद्ध करते रहते है|

रजनीकांत की कुल संपत्ति

Success story in Hindi

सूत्रों के अनुसार रजनीकांत (Rajinikanth Net Worth) लगभग 365 करोड़ रुपए की कुल संपत्ति के स्वामी हैं । रजनीकांत फिल्म में अभिनय करने के लिए अच्छी फीस लेते हैं और उनकी films इतना अधिक लाभ देती हैं कि फिल्मों की फीस से ही रजनीकांत 1 वर्ष  में लगभग 50 से ₹60 करोड़ रूपए कमाते हैं। कभी कारपेंटर का काम करने वाले रजनीकांत आज राजसी जीवन जीते हैं। रजनीकांत के पास 365 करोड़ रुपए की कुल संपत्ति है (Rajinikanth Net Worth)

इसके साथ ही रजनीकांत ने देश के अनेक स्थानों में प्रॉपर्टीज में निवेश करा हुआ हैं। रजनीकांत ने 100 करोड़ रुपये से अधिक के करेंट एसेट्स में निवेश किया है।

रजनीकांत को भारत का तीसरा सर्वोच्च सम्मान पदम भूषण (Padma Bhushan) भी मिला है जो उनको भारतीय सिनेमा में योगदान के लिए दिया गया था।

रजनीकांत का घर और गाडी

रजनीकांत (Rajinikanth)  का चेन्नई (Chennai) में भव्य घर है  , जिसे 2002 में बनाया गया था। इस घर की सुंदरता देखने लायक है। उन्होंने कई जगह निवेश भी किया हुआ है। रजनीकांत महंगी और लग्जरी गाड़ियों को रखना पसंद करते हैं । उनके पास Range Rover, Bently, Toyota Innova  जैसी अनेक महंगी कारें हैं।

रजनीकांत की सफलता का रहस्य

Success story in Hindi

रजनीकांत का मन्ना है कि आयु मात्र एक संख्या है और यदि व्यक्ति में कुछ करने की ठान ले तो आयु का कोई महत्व नहीं है ,आपको कड़ी मेहनत के बिना कुछ भी नहीं मिलेगा। बिना मेहनत के आपको जो मिलेगा, वह कभी भी फलदायक नहीं होगा।

sagar ratna success story of jayram banan zero 2 hero

ये भी पढ़े : कभी झूठे बर्तन धोये- sagar ratna success story A 2 Z

सरल भाषा में computer सीखें : click here 

निष्कर्ष : साथियों हमें आशा है कि आपको ” कैसे एक कारपेंटर 350 करोड़ की सम्पति का स्वामी है,Rajnikant Success story in Hindi ” पसंद आई होगी , यदि हाँ तो इसे अपने जानने वालों में share करें।

अपने जानने वालों में ये पोस्ट शेयर करें ...

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!